होमअपराधपाटन के गुरुपिपरी गांव का मामला, बिना सहमति सिकमी करने और जबरन कब्जा करने का आरोप; पुलिस ने जांच शुरू की

पाटन के गुरुपिपरी गांव का मामला, बिना सहमति सिकमी करने और जबरन कब्जा करने का आरोप; पुलिस ने जांच शुरू की

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जबलपुर जिले की पाटन तहसील के ग्राम गुरुपिपरी में पुश्तैनी जमीन को लेकर विवाद सामने आया है। पीड़ित मां-बेटे ने
जबलपुर: पुश्तैनी जमीन पर कब्जे का आरोप, मां-बेटे ने एसपी से लगाई गुहार

जबलपुर जिले की पाटन तहसील के ग्राम गुरुपिपरी में पुश्तैनी जमीन को लेकर विवाद सामने आया है। पीड़ित मां-बेटे ने ग्रामीण पुलिस अधीक्षक (एसपी) कार्यालय पहुंचकर न्याय की गुहार लगाई है। उनका आरोप है कि उनकी पुश्तैनी जमीन को बिना सहमति के दूसरे व्यक्ति के नाम सिकमी कर दिया गया और बाद में उस पर जबरन कब्जा भी कर लिया गया।

बिना सहमति सिकमी करने का आरोप

पीड़ित रजत शर्मा ने शिकायत में बताया कि उनके और उनकी माताजी के नाम दर्ज पुश्तैनी जमीन को उनकी जानकारी और सहमति के बिना कथित रूप से मुनि पटेल के नाम सिकमी कर दिया गया। उन्हें इस पूरे मामले की जानकारी बाद में मिली।

रजत शर्मा का आरोप है कि जब उन्होंने इसका विरोध किया और जमीन छोड़ने की बात कही, तो आरोपी ने विवेक शर्मा का नाम लेते हुए दबाव बनाया और अगले ही दिन बिना किसी वैधानिक प्रक्रिया और बिना किसी भुगतान के जमीन पर कब्जा कर लिया।

एसपी ने दिए जांच के निर्देश

मामले को गंभीरता से लेते हुए ग्रामीण एसपी ने शिकायत पर तत्काल संज्ञान लिया है। उन्होंने थाना प्रभारी पाटन को पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करने के निर्देश दिए हैं।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, जमीन से संबंधित दस्तावेजों, राजस्व अभिलेखों और सिकमी प्रक्रिया की जांच की जा रही है। जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि किसी प्रकार की अनियमितता या धोखाधड़ी हुई है या नहीं।

दोषियों पर होगी कार्रवाई

पुलिस का कहना है कि यदि जांच में यह सामने आता है कि किसी ने फर्जी दस्तावेज, धोखाधड़ी या जबरन कब्जे के माध्यम से जमीन अपने नाम कराई है, तो संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और दस्तावेजी साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

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