होमअपराधसिहोरा में बिना डिग्री चल रहा था क्लिनिक, दवाइयां और इंजेक्शन मिले; प्रशासन ने मारा छापा

सिहोरा में बिना डिग्री चल रहा था क्लिनिक, दवाइयां और इंजेक्शन मिले; प्रशासन ने मारा छापा

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जबलपुर जिले के सिहोरा में बिना जरूरी चिकित्सकीय योग्यता के क्लिनिक संचालित किए जाने की शिकायत पर स्वास्थ्य विभाग और
सिहोरा में बिना डिग्री क्लिनिक पर छापा, दवाइयां जब्त

जबलपुर जिले के सिहोरा में बिना जरूरी चिकित्सकीय योग्यता के क्लिनिक संचालित किए जाने की शिकायत पर स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन की संयुक्त टीम ने छापेमार कार्रवाई की। साईं मंगलम कॉलोनी, वार्ड नंबर 13 में स्थित मकान नंबर-1 में चल रहे कथित क्लिनिक की जांच के दौरान बड़ी मात्रा में दवाइयां, इंजेक्शन और अन्य चिकित्सा सामग्री बरामद हुई।

प्रशासन के मुताबिक, क्लिनिक का संचालन प्रीति केवट द्वारा किया जा रहा था। जांच के दौरान उनके पास किसी तरह की डॉक्टरी डिग्री नहीं मिली। इसके बाद टीम ने क्लिनिक से संबंधित दस्तावेजों और चिकित्सा सामग्री की जांच की।

बीएमओ और तहसीलदार की टीम ने की कार्रवाई

बुधवार को स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन की संयुक्त टीम साईं मंगलम कॉलोनी पहुंची। कार्रवाई ब्लॉक मेडिकल ऑफिसर सिहोरा अर्शिया खान और तहसीलदार सिहोरा अमित गुप्ता के नेतृत्व में की गई।

टीम ने खितौला स्थित मकान नंबर-1 में संचालित क्लिनिक का निरीक्षण किया। इस दौरान वहां मरीजों के उपचार से जुड़ी गतिविधियां संचालित होने की जानकारी सामने आई।

क्लिनिक से मिली दवाइयां और इंजेक्शन

जांच के दौरान क्लिनिक में अलग-अलग प्रकार की बड़ी मात्रा में दवाइयां मिलीं। इसके अलावा इंजेक्शन और अन्य चिकित्सा सामग्री भी टीम ने मौके से बरामद की।

अधिकारियों ने मौके पर मौजूद चिकित्सा सामग्री के साथ-साथ क्लिनिक के संचालन से जुड़े दस्तावेजों की भी जांच की। बरामद सामग्री और दस्तावेजों की जानकारी कार्रवाई की रिपोर्ट में शामिल की जा रही है।

कार्रवाई में सामने आई प्रमुख बातें

  • क्लिनिक में बड़ी मात्रा में अलग-अलग दवाइयां मिलीं।
  • इंजेक्शन और अन्य चिकित्सा सामग्री बरामद हुई।
  • संचालक के पास डॉक्टरी डिग्री नहीं मिलने की बात सामने आई।
  • क्लिनिक संचालन से संबंधित दस्तावेजों की जांच की गई।
  • स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन ने कार्रवाई की रिपोर्ट तैयार करना शुरू किया।

बिना डिग्री इलाज कराने का आरोप

प्रशासन के अनुसार, क्लिनिक संचालक के पास चिकित्सकीय डिग्री नहीं होने के बावजूद वहां मरीजों के उपचार से जुड़ी गतिविधियां संचालित की जा रही थीं। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने क्लिनिक के संचालन से संबंधित वैधानिक अनुमति और योग्यता की जांच की।

हालांकि, मामले में क्लिनिक में किन मरीजों का किस तरह उपचार किया गया, इसकी विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है। प्रशासन की रिपोर्ट और आगे की जांच के बाद स्थिति और स्पष्ट होगी।

प्रीति केवट के खिलाफ FIR की तैयारी

कार्रवाई के बाद प्रशासन अब क्लिनिक संचालक प्रीति केवट के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की तैयारी कर रहा है। अधिकारियों द्वारा कार्रवाई की पूरी रिपोर्ट तैयार कर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) को भेजी जाएगी।

रिपोर्ट के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मामले में प्रशासन की जांच और दस्तावेजी प्रक्रिया जारी है।

कार्रवाई से अवैध क्लिनिक संचालकों में हड़कंप

स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन की इस संयुक्त कार्रवाई के बाद बिना जरूरी डिग्री या अनुमति के क्लिनिक संचालित करने वालों में हड़कंप की स्थिति है। अधिकारियों का कहना है कि नियमों के विपरीत चिकित्सा गतिविधियां संचालित किए जाने की जानकारी मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

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